Kundali Matching in Hindi – शादी के लिए कुंडली मैच करे

Kundali matching online तरीका बहुत सारे लोग तलाश करते है और घर वालों से पहले खुद से कुंडली मिलान कर लेते है. ऐसे में अगर आपको भी ऑनलाइन कुंडली मैच करना है और इसके लिए एक फ्री प्लेटफार्म की तलाश में है तो आपको यहाँ पर Best Kundli matching online वेबसाइट के बारे में जानकारी देने वाले है.

सनातन धर्म में जब भी कोई व्यक्ति पैदा होता है उसे नाम, ग्रह नक्षत्र के हिसाब से उसकी कुंडली बनायीं जाती है और वह व्यक्ति केवल ऐसे ही लड़की से शादी कर सकता है जिसका कुंडली, उसके कुंडली से मैच करे. अगर आपको किसी से शादी करना है तो कुंडली मिलान जरुरी है और इसके लिए घर पर पंडित जी आते है लड़का और लड़की की कुंडली देखते है और फिर बताते है की वह शादी के लिए सही है या नहीं ,

Janam Kundli match कराने के लिए अब आपो पंडित जी के पास जाने की जरुरत नहीं है. ऑनलाइन बहुत से ऐसे Kundali matching website है जहाँ पर ऑनलाइन कुंडली मैच कर सकते है. इनमे से बहुत सारे फ्री है और कुछ पेड भी है और अगर आपको पंडित जो की सलाह चाहिए तो भी ऑनलाइन आपको मिल जायेगा.

कुंडली क्या होता है?

जन्म कुंडली जिसे जन्मपत्रिका के नाम से भी जानते है. यह एक जन्म प्रमाण पत्र की तरह एक दस्तावेज होता है जिसे ज्योतिषशास्त्र के हिसाब से बनाया जाता है. सनातन धर्म में विश्वास करने वालों के लिए यह एक महत्वपूर्ण दस्तावेज होता है जो की व्यक्ति के जन्म के समय बनाया जाता है. जन्म कुंडली में इंसान जन्म से लेकर ग्रह नक्षत्र के बारे में पूरी जानकारी होती है.

इस ज्योतिष प्रोफाईल में किसी इंसान के बारे पूरी जानकारी मिल जाता है जैसे की वह कब पैदा हुआ, उसका राशिफल क्या है, उसका राशि का नाम क्या है, उसका स्वामी ग्रह कौन और उसके ग्रह और नक्षत्र कैसे है. हिन्दू धर्म किसी व्यक्ति के कुंडली से उसके जीवन का लेखा जोखा निकाल सकते है.

जन्म कुंडली का प्रयोग व्यक्ति के ग्रहों की दशा, मनोदशा और उसके गुण के बारे में जानने के लिए किया जाता है. ज्योतिष के हिसाब से किसी इंसान का जीवन कैसे व्यतीत होगा उसके कुंडली से पता लगाया जा सकता है यहाँ तक की कुंडली से ही इंसानी की शादी तय होती है और उसे अपने जैसा एक नया जीवन साथी मिलता है.

जन्म कुंडली आकाश का उस समय का नक्शा है, जब कोई बच्चा जन्म लेता है। उस समय आकाश में कौन सा ग्रह कहां है, इसका वर्णन जन्मकुंडली में होता है। जन्म कुंडली में स्थित नौ ग्रह और बारह रशियां ही मनुष्य जीवन को प्रभावित करते हैं. ऐसे में कुंडली का हिन्दू धर्म में बहुत महत्त्व है आज भी शादी के लिए कुंडली मिलाया जाता है.

कुंडली को उनके गुणों के आधार पर बहुत सारे भागो में बांटा गया है.

कुंडली के प्रकार

कुंडली मुख्यतः चार प्रकार के होते है जिन्हे उनके Use के हिसाब से बताया जाता है. इंसान के जीवन में ग्रह, नक्षत्र और पिंडो की गणना करने के लिए ये चारो Kundali इस्तेमाल किये जाते है और इन्ही से एक इंसान का भाग्य तय होता है.

  1. लग्न जनम कुंडली- यह एक ज्योतिषीय कुण्डली है जो किसी व्यक्ति के जन्म के समय ग्रहों, सूर्य, चंद्रमा और अन्य ग्रहों की स्थिति को दर्शाती है. इसमें व्यक्ति के जन्म के बारे में पूरी जानकारी मिलता है और इसको ज्योतिष शास्त्री अलग लगा वैदिक तरीके का इस्तेमाल करके बनाते है. जिसमे ग्रह की दिशा से लेकर राशिफल तक की जानकारी शामिल होती है.
  2. चंद्र जनम कुंडली – जैसा की इसका नाम है चंद्र जनम कुंडली तो यह चन्द्रमा की स्थिति के हिसाब से बनाया जाता है. इसमें चन्द्रमा को स्वामी माना जाता है और चन्द्रमा कुंडली के पहले घर में होता है या पहला घर उसे ही मान लिया जाता है जिसमे चन्द्रमा होता है. यह वर और वधु के कुंडली मिलान का सबसे अहम् हिस्सा है बिना इसके Kundali match नहीं कराया जाता है.
  3. नवमांश कुंडली – नवमांश का मतलब होता है नौवा भाग और यह एक ऐसा तरीका है जिसमे किसी व्यक्ति के जीवन के हर एक मिनट के बारे में गणना की जाती है. हर एक नवमांश 30 डिग्री और 20 मिनट पर होता है यह कुंडली के स्थिति खोजने के बाद  स्थिति का विश्लेषण करने के बाद ग्रहों की वास्तविक शक्ति की खोज करने में मदद करती है.
  4. चलित कुंडली – यह एक ऐसा ज्योतिषीय कुण्डली है जो घरों (भावास) में ग्रहों की स्थिति को इंगित करती है. इसका चार्ट 15 डिग्री से शुरू होता है और 13 डिग्री पर इसकी गणना खत्म हो जाती है.

Kundali Matching in Hindi –  कुंडली मिलान

Kundali matching की जरुरत तब पड़ता है जब लड़की और लड़की की शादी तय होने वाली होती है. अपने सुना भी होगा की लड़की और लड़के का 20 गुण मिल रहा है, कुंडली दोनों की मिल गयी है. जब कुंडली मिल जाता है तभी शादी के प्रकिया को आगे बढ़ाया जाता है और अगर Kundali match नहीं हुआ तो शादी नहीं हो सकती है.

वैदिक ज्योतिष के हिसाब से शादी के लिए कुंडलियों का मिलान बहुत जरुरी है. क्योकि इससे तय किया जाता है की लड़के और लड़की एक साथ सुचारु रूप से जीवन व्यतीत कर सकते है या नहीं और दोनों के शादी के बाद दोनों के लाइफ में क्या फर्क पड़ेगा। इसलिए क्योकि भी हिन्दू व्यक्ति शादी से पहले एक बार पंडित जो की अपना कुंडली जरूर दिखाते है.

ऑनलाइन कुंडली मिलान शादी के लिये (Kundali Matching for marriage) बहुत से तरीके है. जिसमे सबसे कॉमन तरीका है किसी ज्योतिष पंडित जो की घर पर बुलाया जाये और वर और वधु की कुंडली को दिखाया जाये और फिर वो बताएँगे कितने गुण मिल रहे है और दोनों शादी करने के योग्य है या नहीं, इसके साथ आज के समय का तरीका ऑनलाइन है और सॉफ्टवेयर और वेबसाइट की मदद से ऑनलाइन कुंडली मैच कराया जा सकता है.

Online Kundali Matching

Online kundali matching के लिए बहुत सारे वेबसाइट है. जहाँ से लड़के और लड़की की कुंडली मैच कराया जा सकता है. अगर आपको प्रीमियम डिटेल चाहिए और ज्योतिष का कंसल्टेशन चाहिए तो इसके लिए आपको पैसे देने होते है. ऑनलाइन कुंडली मैचिंग की सबसे खाश बात है की यहाँ पर हिंदी और इंग्लिश दोनों माध्यम में जानकारी मिल जाता है.

प्रत्येक व्यक्ति के जन्म स्थान, जन्म के समय, जन्म तिथि और जन्म के नाम के अनुसार, अलग अलग कुंडली होती है. ऐसे में जब किसी लड़की और लड़के की शादी के जाती है तो सबसे पहले उन दोनों के कुंडलियों को मिलाया जाता है. इसके लिए सॉफ्टवेयर पर दोनों के जन्म से जुड़े जानकारी दर्ज किया जाता है और सॉफ्टवेयर कैलकुलेट करके आपके सामने पूरा डिटेल यहाँ पर मिल जाता है.

कुंडली में कुल 36 गुण होते है जिसमे से अगर 20 या उससे ऊपर के गुण मैच कर गए तो मान लिया जाता है की लड़के और लड़की शादी करने के लिए सही जोड़े है और फिर दोनों की शादी तय कर दी जाती है. ऑनलाइन कुंडली मैचिंग के लिए सबसे अच्छा वेबसाइट है https://hindi.mpanchang.com यहाँ पर आपको बेहतर ज्योतिष मिल जाते है और रिजल्ट भी बहुत सही आता है.

Kuldali Calculator

कुंडली मिलान में गुण मिलान का उपयोग

कुंडली का उपयोग वर और वधु के गुण मिलाने के लिए होता है और इसके लिए कुछ इस प्रकार के शब्दावली इस्तेमाल किये जाते है. बहुत सारे लोग इनका मतलब नहीं जानते होंगे आईये देखते है.

कुंडली के 8 मुख्य गुण

  1. वर्ण  – यह कुंडली का पहला गुण है जो की लड़का और लड़की के जाति की तुलना करता है. इसमें लड़के का वर्ण लड़की के वर्ण से बराबर या बड़ा होना चाहिए.
  2. वश्य – यह गुण बताता है की शादी के बाद घर में किसका नियंत्रण सबसे ज्यादा होगा यानि लड़की या लड़के में से किसकी ज्यादा चलेगी घर में.
  3. तारा – लड़का और लड़की के जन्म नक्षत्र या तारों की तुलना की जाती है. इसस रिश्ते में कितना अच्छा परिणाम रहेगा इसके बारे में जानकारी मिलता है.
  4. योनी – वर और वधु किस योनी से है और जोड़ी के बीच यौन संगतता इस गुण के साथ निर्धारित करता है.
  5. गृह मैत्री – इस गुण से पता चलता है की शादी के बाद पति और पत्नी में कैसा बौद्धिक और मानसिक संबंध रहेंगे.
  6. गण – कुंडली के इस गुण से पता चलता है की दोनों के व्यक्तित्व, व्यवहार, दृष्टिकोण और नज़रिये के बीच संगतता कैसे निर्धारित होगा.
  7. भकूट – यह गुण बताता है की विवाह के बाद दोनों का वित्तीय समृद्धि और परिवार कल्याण की स्थिति कैसी होगी.
  8. नाड़ी – यह कुंडली का एक मत्वपूर्ण गुण है इससे पता चलता है की लड़के और लड़की की शादी के बाद परिवार के जीवन पर इसका क्या असर होगा.

कुंडली मिलान का महत्व

धर्म शास्त्रों में विवाह को सात जन्मो का रिश्ता बताया गया है और ऐसी शादी जो की सात जन्मो तक चले इसके लिए कुंडली का मिलान बहुत जरुरी होता है. इसलिए हिंदी धर्म में कुंडली मिलान का बहुत महत्व है और आज भी मॉर्डन समय में लोग बिना कुंडली मिलाये शादी के हाँ नहीं करते है.

  • कुंडली मिलान विवाह से पहले एक छोटा सा प्रयास होता है की विवाह को सफल बनाया जाये.
  • वैवाहिक जीवन सही तरीके से बिताने के लिए लड़के और लड़की के ग्रह, नक्षत्र के बारे में जानकारी रखना बहुत जरुरी है और यह जानकारी जन्म कुंडली से ही मिल पाता है.
  • कुल 8 गुण मिलाये जाते है और उसके बाद ही तय किया जाता है की शादी करने के लिए वर और वधु योग्य है या नहीं
  • शादी के बाद जीवन कैसा होगा इसे बारे में जानकारी इस वैदिक तरीके से पहले पता लगा लेते है.
  • खगोलीय पिंड का हमारे जीवन पर अच्छा खासा प्रभाव पड़ता है इसलिए जब भी विवाह की बात आये तो ये जरुरी है की ग्रह अपना आशीर्वाद दे ताकि वैवाहिक जीवन में लड़का और लड़की के बीच सामंजस्य रहे ,खुशियां, सफलताएं और शांति आये इसलिए कुंडली मिलान अति आवश्यक
  • हिन्दू धर्म में इसी के आधार पर तय किया जाता है की किस वधु के लिए कौन सा वर सही है.

दोस्तों यहाँ पर Kundali Matching in Hindi के बारे में विस्तार से बताया गया है. हम सभी जानते है की शादी से पहले लड़के और लड़की का कुंडली मिलान किया जाता है और इसके लिए यहाँ पर एक ऑनलाइन तरीका बताया गया है. जो की बेहद आसान है और अगर कोई ज्योतिष शास्त्र के बारे में नहीं जनता है तो वो भी दो लोगो की कुंडली मैच करा सकता है और हिंदी और इंग्लिश में उन्हें चेक कर सकता है. उम्मीद करते है ये जानकारी आपको पसंद आया हो अगर आपका कोई सवाल या सुझाव है तो कमेंट में जरूर बताये

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