घर में बेटी है तो इन योजनाओं से लाखों मिलेगा

हम अपने समाज में यह देखते आ रहे हैं कि लड़कियों और महिलाओं के साथ सदियों से भेदभाव किया जाता रहा है। यह स्थिति धीरे-धीरे बदल रही है लेकिन अभी भी काफ़ी बदलाव की जरूरत है। धीरे धीरे अब समाज में लड़कियों और महिलाओं के प्रति समान अवसर प्रदान करने के बारे में जागरूकता बढ़ी है। इसको और बढ़ाने के लिए सरकार ने कई योजनाओं को भी शुरू किया है.

जिससे लड़कियों और महिलाओं को उनकी शिक्षा, स्वास्थ्य और समाज में समानता सुनिश्चित हो सके। सरकार ने अपने कई कल्याणकारी योजनाओं के द्वारा लड़कियों और महिलाओं के लिए वित्तीय सहायता भी शुरू किया है. ऐसे में अगर आपके घर में बेटी है तो आप इन योजनाओं से लाखों कमा सकते हैं। आपको कई तरह के टैक्स छूट भी मिलेंगे.

तो आइए देखते हैं सरकार के द्वारा लड़कियों और महिलाओं के लिए लाए गए 10 ऐसी योजनाएं जिससे आप लाखों कमा सकते हैं. हां तो अगर आपके घर में बेटी है तो इन योजनाओं से लाखों मिलेगा.

1 . बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ ( Beti Bachao Beti Padhao )

हम बालिकाओं और बेटियों के कारण लाखों कमाए । उससे पहले हमें बेटियों और बालिकाओं को बचाना होगा। तो हमारा पहला योजना, जो सरकार ने लड़कियों को मदद करने के लिए लाया है वह है ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ ‘ इस योजना का मुख्य उद्देश्य लड़कियों पर हो रहे भेदभाव, लिंग आधारित गर्भपात और उन पर हो रहे घरेलू से लेकर बाहरी उत्पीड़न को रोकना है.

इस योजना के द्वारा सरकार डायरेक्ट (direct) कोई वित्तीय सहायता नहीं देता है। लेकिन इस योजना के कई फायदे हैं जिससे लड़कियों को साफ, स्थिर और सुरक्षित माहौल मिलता है। साथ-साथ इस योजना के द्वारा सरकार लड़कियों के लिए उच्च शिक्षा, समाज में समानता, उचित स्वास्थ्य और उनके अधिकार के बारे में प्रोत्साहित करता है

2. सुकन्या समृद्धि योजना (Sukanya Samriddhi Yojana)

सुकन्या समृद्धि योजना लड़कियों के माता पिता के लिए लाया गया है। इस योजना के द्वारा उन्हें एक स्पेशल बचत खाता दिया जाता है। जिससे माता-पिता को अपनी बेटी की उच्च शिक्षा या शादी के लिए पैसे को व्यवस्थित रूप से बचत करने में मदद करता है । साथ साथ इसमें उन्हें सरकार के द्वारा कई तरह के छूट भी दिए जाते हैं। ताकि लड़की अपने माता पिता पर बोझ होने के कारण को समाप्त कर सके।

10 साल से कम उम्र के बच्चियों के माता-पिता और अभिभावक, ये खाता खोल सकते हैं। सरकार के द्वारा प्रति बच्चे केवल एक ही खाता खोलने की अनुमति है और प्रति परिवार केवल दो खाता खोलने की अनुमति दी गई है। यहां पर जुड़वा बच्चों के लिए छूट की अनुमति भी है।

इस खाता में आप कम से कम ₹250 प्रति वर्ष और ज्यादा से ज्यादा 1.5 लाख रुपया प्रति वर्ष जमा कर सकते हैं। इसमें सरकार टैक्स पर छूट और आपके पैसे पर हाई इंटरेस्ट ( interest ) देती है। जिससे आप लाखों रुपए बचा सकते हैं। खाता खोलने की तिथि से लेकर लगातार 15 वर्ष तक ही पैसे को आप जमा कर सकते हैं। इस खाता की मैक्सिमम ( maximum) अवधि 21 साल होगी। और आप ये जमा किए पैसे अपनी बेटी की शादी या खाता खोलने के 21 साल बाद, दोनों में से जो पहले आएगा उस समय आप सारे पैसे निकाल सकते हैं.

3. बालिका समृद्धि योजना ( Balika Samridhi Yojana )

बालिका समृद्धि योजना सुकन्या समृद्धि योजना के जैसा ही है। इस योजना के तहत लड़कियों के माता-पिता को कई वित्तीय सहायता प्रदान किए जाते हैं। यह योजना केवल नवजात शिशुओं के लिए बनाई गई है। प्रत्येक बालिका के जन्म के समय माता-पिता को ₹500 प्रदान किए जाते हैं.

जब तक बालिका अपने दसवी कक्षा को पूरा नहीं कर लेती तब तक उन्हें ₹300 से लेकर ₹1000 तक प्रति वर्ष वित्तीय सहायता छात्रवृत्ति के रूप में दिया जाता है। इस योजना में एक परिवार के केवल दो ही बेटियां को शामिल किया जाएगा । साथ-साथ वह परिवार गरीबी रेखा के नीचे होनी चाहिए.

4. मुख्यमंत्री राजश्री योजना (Mukhyamantri Rajshri Yojana)

मुख्यमंत्री राजश्री योजना राजस्थान में शुरू की गई थी। इस योजना के द्वारा भी सरकार बालिकाओं के माता पिता को बालिका के जन्म से लेकर उनके उच्च शिक्षा तक वित्तीय सहायता प्रदान करती है। सबसे पहले बालिका के जन्म पर उनके मां को ₹2500 दिए जाते हैं.

जैसे ही बालिका का उम्र 1 वर्ष होता है और वे सभी टीका को ले लेती हैं तो उन्हें फिर से 2500 रूपया चेक के माध्यम से दिए जाते हैं। जैसे ही बालिका कक्षा 1 के लिए नामांकन लेती हैं तो उन्हें ₹4000 दिए जाते हैं। साथ-साथ कक्षा 5 तक पहुंचने पर बालिका को ₹5000 और दिए जाते हैं। कक्षा 11वीं में नामांकन लेते समय उन्हें ₹11000 और दिया जाता है। ये योजना अभी राजस्थान तक ही सीमित है। राजस्थान के स्थाई निवासी लोग ही इसमें भाग ले सकते हैं.

5. मुख्यमंत्री लाडली योजना (Mukhyamantri Laadli Yojana)

मुख्यमंत्री लाडली योजना एक बचत खाता योजना है जिसे विशेष रूप से बालिका के माता-पिता के लिए बनाया गया है। इस योजना के तहत बालिकाओं के लिए कई तरह की वित्तीय सहायता दिए जाते हैं। सबसे पहले जैसे ही बालिका छठी कक्षा में प्रवेश करती हैं उन्हें ₹2,000 दिया जाता है । जब वे नवमी कक्षा में प्रवेश करती हैं तो उन्हें ₹4,000 दिया जाता है । और 11वीं कक्षा में प्रवेश करने पर ₹7,500 दिया जाता है.

साथ-साथ बालिकाओं को 21 वर्ष तक 2,400 रूपया प्रति वर्ष दिया जाता है। माता-पिता ये सारे पैसे एक साथ बालिका के शादी के समय निकाल सकते हैं। इस तरह से सरकार बेटियों को लाखों रुपया का वित्तीय सहायता प्रदान कर रही है। यह योजना उन लोगों के लिए है जो झारखंड के स्थाई निवासी हैं। साथ-साथ वे एक गरीबी रेखा के नीचे आते हो।

6. सीबीएसई उड़ान योजना ( CBSE Udaan Scheme )

भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय के तहत केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड के द्वारा बालिकाओं के लिए सीबीएसई उड़ान योजना लाया गया है। इस योजना का मुख्य लक्ष्य पूरे भारत में प्रतिष्ठित इंजीनियरिंग और तकनीकी कॉलेज में लड़कियों के नामांकन में वृद्धि लाना है.

ये योजना बालिकाओं को प्रतिष्ठित कॉलेज में नामांकन करवाने में मदद करती है। इस योजना के तहत बालिकाओं को कई सारी पाठ्यक्रम सामग्री सेवाएं मुफ्त में लब्ध करवाई जाती है। कक्षा 11वी और 12वी की छात्राओं के लिए फ्री ऑनलाइन कोर्स, फ्री वीडियो लेक्चर, वर्चुअल इंटरेक्शन, पियर लर्निंग, मेंटरिंग और डाउट क्लियर करने की सुविधा दी जाती है। इस योजना में वही छात्रा भाग ले सकती हैं जिसने सीबीएसई में नामांकन करवाया हो और साथ-साथ 11th और 12th में भौतिकी, रसायन विज्ञान और गणित में नामांकन होना चाहिए। और उनके माता-पिता का आय छह लाख रूपया प्रति वर्ष से कम होना चाहिए.

7. माध्यमिक शिक्षा के लिए लड़कियों को राष्ट्रीय प्रोत्साहन योजना ( National Scheme of Incentives to Girls for Secondary Education )

माध्यमिक शिक्षा के लिए लड़कियों को राष्ट्रीय प्रोत्साहन योजना भी भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय के द्वारा लाया गया है। यह योजना मुख्य रूप से भारत के वंचित वर्ग की लड़कियों के लाभ के लिए है। इस योजना के तहत छात्राओं के खाता में ₹3000 फिक्स कर दिया जाता है । फिर जैसे ही छात्रा अपने दसवीं क्लास या 18 वर्ष की हो जाती है । तब उन्हें ये 3,000 रूपया इंटरेस्ट ( interest ) के साथ मिलता है.

इस योजना में सभी अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति की लड़कियां भाग ले सकती है जिन्होंने आठवीं कक्षा की परीक्षा उत्तीर्ण कर ली हो। साथ साथ यह योजना उन लड़कियों के लिए भी है जिन्होंने कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय के माध्यम से कक्षा 8 की परीक्षा उत्तीर्ण की हो। साथ साथ लड़कियों की आयु 16 वर्ष से कम होनी चाहिए। इस योजना में सीबीएसई ( cbse), एनबीएस ( nvs), और केवीएस ( kvs ) के छात्राओं भाग नहीं ले सकते हैं;

8. मुख्यमंत्री कन्या सुरक्षा योजना ( Mukhyamantri Kanya Suraksha Yojana )

मुख्यमंत्री कन्या सुरक्षा योजना बिहार सरकार के द्वारा लाया गया है। यह योजना भी बालिकाओं के माता-पिता के लिए बनाया गया है। इस योजना के तहत बालिका के जन्म के बाद सरकार ₹2,000 की राशि उनके माता-पिता को देती है.

बालिका के माता पिता, बालिका के जन्म प्रमाण पत्र को दिखाकर इसे ले सकते हैं। यह योजना केवल बिहार राज्य के सभी स्थाई निवासियों के लिए लागू किया गया है। साथ साथ ये उन परिवारों के लिए है, जो गरीबी रेखा से नीचे के श्रेणी में आते हैं। आवेदक अपने नजदीकी आंगनबाड़ी केंद्र, कलेक्टर कार्यालय, ग्राम पंचायत या जिला पार्षद से इस के लिए संपर्क कर सकते हैं.

9. माझी कन्या भाग्यश्री योजना ( Mazi Kanya Bhagyashree Scheme )

माझी कन्या भाग्यश्री योजना महाराष्ट्र राज्य में शुरू की गई थी । यह योजना भी मुख्यमंत्री लाडली योजना और मुख्यमंत्री राजश्री योजना जैसा ही है। इस योजना के तहत बालिका के मां को कई तरह के वित्तीय सहायता प्रदान किया जाता है। सब से पहले बालिका के जन्म के बाद उनके मां को 5 साल में ₹25,000 दिए जाते हैं। बालिका के कक्षा एक में नामांकन से लेकर कक्षा 5 तक उन्हें प्रतिवर्ष 2,500 रूपये दिए जाते हैं. और कक्षा 6 से लेकर कक्षा 8 तक उन्हें ₹3,000 प्रति वर्ष दिया जाता है यानी इन 3 सालों में कुल ₹9,000 दिए जाते हैं। बालिका के 18 वर्ष के आयु के बाद उन्हें प्रति वर्ष ₹1,00,000 उच्च शिक्षा के लिए प्रदान किए जाते हैं.

इस तरह से सरकार बालिकाओं के जन्म से लेकर उच्च शिक्षा तक लाखों रुपया की सहायता दे रही है. इस योजना में वही लोग भाग ले सकते हैं जो महाराष्ट्र राज्य के स्थाई निवासी हैं । साथ साथ आवेदक गरीबी रेखा से नीचे के श्रेणी में होने चाहिए.

10. नंदा देवी कन्या योजना ( Nanda Devi Kanya Yojana)

नंदा देवी कन्या योजना उत्तराखंड राज्य के स्थाई निवासी लोगों के लिए है। इस योजना के तहत बालिका के जन्म के बाद खाते में 1,500 रुपया का फिक्स्ड डिपॉजिट किया जाता है। फिर ये पंद्रह सौ रुपया बालिका के 18 साल होने के बाद इंटरेस्ट के साथ दिया जाता है। इस योजना में उत्तराखंड के वहीं परिवार भाग ले सकते हैं जो गरीबी रेखा से नीचे के श्रेणी में आते हैं। साथ साथ एक परिवार के केवल दो ही लड़कियां इस योजना का लाभ उठा सकती है। जुड़वा लड़कियों के लिए इस योजना में सरकार के द्वारा कुछ छूट भी है.

ये थे सरकार के द्वारा लाए गए 10 ऐसी योजनाएं जो महिलाओं या लड़कियों को समाज में समानता के साथ-साथ कई वित्तीय सहायता भी प्रदान करती है। इन योजनाओं की सहायता से आप लाखों कमा सकते हैं इसके लिए आपके घर में बेटी होनी चाहिए। इन सभी योजनाओं में सरकार ने बालिकाओं के उच्च शिक्षा को ज्यादा महत्व दिया है। क्योंकि शिक्षा के कारण ही समाज में समानता आ सकती है. शिक्षा के बल पर ही लड़कियों अपने अधिकार को समझ पाएंगे। सरकार उच्च शिक्षा के लिए लाख – लाख रुपया प्रति वर्ष देने को तैयार है। साथ साथ कई राज्य सरकार द्वारा 10वीं, 12वीं और उच्च शिक्षा का परीक्षा फर्स्ट डिवीजन या सेकंड डिवीजन से उत्तीर्ण होने पर बालिकाओं को 10,000 रूपया से लेकर 50,000 रूपया से भी ज्यादा तक का पुरस्कार राशि भी दिया जाता है.

आशा करता हूं कि यह पोस्ट आपको पसंद आया होगा. इस पोस्ट में हमने सरकार के द्वारा लाए गए 10 सबसे महत्वपूर्ण योजनाओं को शामिल किया है जो लड़कियों और महिलाओं के लिए लाया गया है। ताकि वे जीवन में आने वाली अनेक बाधाओं को आसानी से सामना कर सकें और अपने जीवन में सफल हो सके। अगर आपको इस पोस्ट से संबंधित कोई भी संदेह है, तो आप कमेंट सेक्शन में पूछ सकते हैं.

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